असम की राजधानी

 

दोस्तों आपके मनमे शायद सवाल होगा की असम की राजधानी क्या है और ये कहा स्थित है ? जिसके कारण आप हामारे इस लेख को पढ़ने आए हो। तो चलिए बिना देर किए आपको बता देते है की असम की राजधानी का नाम है ‘दिसपुर’ और ये असम के ही एक महानगर गुवाहाटी में स्थित है।

अब आइए जानते है इसके कुछ ऐतहासिक तथ्यों के बारे में।

असम की राजधानी

असम की राजधानी का इतिहास

सबसे पहले तो आपको बता देना चाहता हु की असम राज्य की आजकी जो राजधानी है यानिदिसपुर वो एक समय पर दिसपुर नहीं था। सं 1972 से पहले इस राज्य की राजधानी वर्तमान के मेघालय राज्य की राजधानी शिलॉन्ग शहर पर स्थित था।

उस समय पर असम राज्य को ‘बोर असम’ के नाम से जाना जाता था। आज उत्तर-पूर्वी भारत के जो सात राज्य है वो सात राज्य के चार राज्य यानि मेघालय ,नागालैंड, अरुणांचल प्रदेश, मिजोरम सब असम के साथ मिलकर ‘बोर असम’ के नाम से जाना जाता था।

सबसे पहली बार इस राज्य की एकता को आघात लगा तब जब सं 1962 में नागालैंड असम से अलग होकर एक स्वतंत्र राज्य (भारत राष्ट्र के अंदर) बन गया। इस घटना से मेघालय के खासी, जयंतिया विद्रोही संगठनो को असम के विरुद्ध विद्रोह करने में काफी प्रेरणा प्राप्त हुआ।

जिसके फलसवरूप 21 जनुअरी, सं 1972 में मेघालय को असम से अलग एक पृथक राज्य का मर्यादा प्राप्त हुआ।

अब आयी राजधानी की बात। दोस्तों मई आपको ऊपर ही बता सुका हु की 1972 से पहले असम की राजधानी मेघालय की शिलॉन्ग शहर के स्थित थी लकिन मेघालय के पृथक होने के वाद राज्य की राजधानी को शिलॉन्ग से हटाना पड़ा।

अब आयी नए राजधानी ढूंढ़ने की बात।

पहले राज्य के बड़े बड़े सलाहकार सोच रहे थे की इसको शिलॉन्ग से सीधा ‘जोरहाट’ ले आया जाये लकिन बाद में बहुत सोच विचार कर कर और सुबिधा-असुबिधाओ को देखकर इसको गुवाहाटी के ही पास के एक गांव दिसपुर में प्रतिष्ठा करने का फैसला कर लिआ गया।

 

क्या गुवाहाटी को राजधानी मानना सही है ?

दोस्तों बाहर से आने वाले ज्यादातर लोग गुवाहाटी को ही असम की राजधानी समझते है। हालाकि ये ज्यादा गलत भी नहीं है क्योकि दिसपुर गुवाहाटी में आती है। लकिन अगर फॉर्मल क्षेत्र में बात करे तो इसका जवाब ‘दिसपुर’ देना ही सही होगा।

 

निष्कर्ष

आशा करता हु की हमारा ये लेख आपके लिए सहायक हुआ होगा। अगर आपके मनमे अभीभी कुछ प्रश्न बाकि है तो हमें निचे टिप्पणी करके पूछ सकते है। हम आपको जरूर जवाब देंगे।

धन्यवाद।

0 Comments

Leave a Comment

Follow us

PINTEREST

LINKEDIN

error: Content is protected !!